Thursday, April 17, 2025

उष्माघात प्रतिबंधासाठी कळमना मार्केट यार्ड व्‍यापारी असोसिएशनचा संकल्प उष्माघात हॉटस्पॉट परिसरात मनपातर्फे जनजागृती

नागपूर:- वाढत्या तापमानामुळे संभावणारा धोका टाळण्यासाठी नागपूर महानगरपालिकेच्या आरोग्य विभागाद्वारे विविध भागांमध्ये जनजागृती कार्य करण्यात येत आहे. उष्माघाताचे नागपूर शहरात दहा हॉटस्पॉट घोषित करण्यात आलेले आहेत. यातील कळमना मार्केट यार्ड परिसरात गुरुवारी (ता.१७) जनजागृती करण्यात आली. या जनजागृती नंतर कळमना मार्केट यार्डमधील व्यापारी असोसिएशनच्या पदाधिकाऱ्यांनी उष्माघात प्रतिबंधासाठी पुढाकार घेण्याचा संकल्प केला.मनपा आयुक्त तथा प्रशासक डॉ. अभिजीत चौधरी यांच्या निर्देशानुसार व वैद्यकीय आरोग्य अधिकारी डॉ. दीपक सेलोकर यांच्या मार्गदर्शनात शहरातील उष्माघात हॉटस्पॉट परिसरांमध्ये जनजागृती केली जात आहे. या अंतर्गत गुरुवारी (ता.१७) कृषी उत्पन्न बाजार समितीच्या प्रशासकीय भवन येथील सभागृहामध्ये सर्व व्यापारी बांधवांसोबत बैठक घेण्यात आली. बैठकीत मनपाचे साथरोग अधिकारी डॉ. गोवर्धन नवखरे यांनी व्यापारी बांधवांना माहिती 
दिली. यावेळी कृषी उत्पन्न बाजार समितीचे अपर निबंधक तथा सचिव श्री. एन.पी. येगलेवाडउपसचिव श्री. आर.एस. चवरेश्री. डी.व्ही.बागडेमनपाच्या लकडगंज झोनचे झोनल वैद्यकीय अधिकारी डॉ. ख्वाजा मोईनुद्दीनबाजार निरीक्षक श्री.एस.एस. निमकर आदी उपस्थित होते.यावेळी व्यापारी बांधवांना उष्माघात म्हणजे कायत्यावर प्राथमिक उपचार काय व उष्माघात झालेल्या व्यक्तीचा जीव वाचविण्यासाठी करावयाचे उपाय तसेच उष्माघात होउ नये यासाठी करावयाच्या उपाययोजना याबाबत सविस्तर माहिती देण्यात आली. खूप तापमान राहिल्यास त्याचा प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्षपणे आपल्या शरीरावर प्रभाव पडतो. 
थेट उन्हात काम केल्यामुळे त्याचे दुष्परिणाम. अशा स्थितीत काळजी घेणे आवश्यक आहे. घामोळ्या येणेपायाची नस लागणे (क्रॅम्प येणे)सुस्त वाटणेचक्कर येउन पडणे ही साधारणत: उष्णतेमुळे दिसणारे परिणाम आहेत. पण यात सर्वांत उष्माघात हा अत्यंत धोकादायक आहे. उष्माघात झालेली व्यक्ती अचेत होउन जाते व त्याला स्वत:वर नियंत्रण करता येत नाही. शरीरातील पाण्याचे प्रमाण कमी होउन जाते घाम देखील येत नाही. शरीर संपूर्ण कोरडे असताना शरीराचे तापमान प्रचंड वाढते. अशा स्थितीत अशा व्यक्तीला सावलीत नेऊन वारा घालणेत्याच्या डोक्यावर कापडटॉवेल ठेवून त्यावर पाणी टाकून शरीराचे तापमान थंड करण्याचा प्रयत्न व १०८ या रुग्णवाहिका सेवा क्रमांकावर फोन लावून माहिती देणे अशा बाबींची काळजी घेण्याचे आवाहन यावेळी डॉ. नवखरे यांनी केले.व्यापारी बांधवांनी दुपारच्या वेळी काम बंद ठेवावे. कामाच्या ठिकाणी ग्रीन नेट लावणेपिण्याच्या  पाण्याची पुरेशी व्यवस्था करण्याचे आवाहन यावेळी मनपाद्वारे करण्यात आले. कृषी उत्पन्न बाजार समितीचे अपर निबंधक तथा सचिव श्री. एन.पी. येगलेवाड यांनीही व्यापारी बांधवांनी मनपाच्या आवाहनाला प्रतिसाद देण्याची सूचना केली. मार्केट यार्डच्या परिसरात ध्वनीप्रक्षेपकावरुन या सर्व सूचना देखील देण्यात येणार असल्याचे त्यांनी यावेळी सांगितले.शरीराचे तापमान वाढल्यास त्याला उष्माघात म्हणतात. मळमळ
उलटीतापत्वचा कोरडी पडणेथकवाचक्करडोकेदुखीमनाची स्थिती बिघडतेचिडचिडजीभ जड होणेजास्त घाम येणेपायात गोळे येणेपोटऱ्यात वेदनारक्तदाब वाढणेमानसिक बेचैनीबेशुद्धावस्था. नागरिकांनी कामाशिवाय उन्हात निघणे टाळावे.उन्हात जाण्याची वेळ आल्यास योग्य खबरदारी घेतली जावी.उन्हाच्या वेळेत बाहेर फिरणे टाळावेभरपूर पाणी प्यावे.स्वत:सह इतरांच्याही तब्येतीची काळजी घ्यावी हलकीपातळ व सच्छिद्र कपडे वापरावीत बाहेर जाताना गॉगल्सछत्री किंवा हॅटबूट किंवा चप्पलचा वापर करावाप्रवासादरम्यान पाण्याची बाटली सोबत ठेवावीउन्हात काम करताना हॅट किंवा छत्रीचा वापर करावा. ओल्या कपड्याने डोकेमानचेहरा झाकणेशरीरात पाण्याचे प्रमाण कमी होत असल्यास ओआरएसलिंबूपाणीताक आदी पेय नियमीत पिणेघर थंड ठेवण्यासाठी ओलसर पडदेपंखाकुलर आदींचा वापर करावा. उष्माघात टाळण्यासाठी उन्हाच्या वेळेत घराबाहेर जाणेउन्हात कष्टाची कामे करणे टाळा. लहान मुले किंवा पाळीव प्राण्यांना बंद असलेल्या व पार्क केलेल्या वाहनात ठेवू नका.गडदघट्ट व जाड कपडे परिधान करणे टाळावेउन्हात स्वयंपाक करणे टाळावेस्वयंपाक करताना स्वयंपाक घराची दारे व खिडक्या उघडी ठेवावीत.मद्यचहाकॉफीसॉफ्टड्रिंक्स ही पेय टाळावीशिळे आणि उच्च प्रथिने असलेले अन्न खाणे टाळावे.  

सार्वजनिक स्थानों पर अस्वच्छता फैलाने के 90 मामलेदर्ज उपद्रव का पता लगाने वाली टीम की अचानक कार्रवाई

 
नागपुर:- नागपुर नगर निगम की उपद्रव निरोधक टीम ने एक सार्वजनिक नोटिस जारी किया है।  सार्वजनिक स्थानों पर पेशाब करने , कूड़ा फेंकने , थूकने तथा 79 माइक्रोन से कम मोटाई वाले प्लास्टिक बैग का उपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू की गई है  गुरुवार को खोजें ( 1 7 )  टीम ने 90 मामले दर्ज किये    50,800 /- रूपये का जुर्माना वसूला गया। हाथठेले , स्टॉल , पानठेले , फेरीवाले , छोटे सब्जी विक्रेता जो आसपास के क्षेत्र में अस्वच्छ स्थिति पैदा करते हैं ( 400/- रुपये का जुर्माना )   21  मामले दर्ज करके  8,600 /- रूपये वसूले गये। कोई व्यक्ति सड़कों, फुटपाथों, खुले स्थानों आदि पर कचरा फेंक सकता है।  इसके अंतर्गत 100/- जुर्माना) लगाया जाएगा   10 मामले दर्ज करके  रु. रु. 1,000 /- रूपये की राशि वसूल की गई। दुकानदारों को सड़कों, फुटपाथों, खुले स्थानों पर कूड़ा फेंकने पर रोक लगा दी गई है।  इसके तहत 400/- जुर्माना लगाया जाएगा    02 मामले दर्ज किये गये तथा 800 /- रूपये वसूल किये गये। मॉल , रेस्टोरेंट , लॉजिंग , बोर्डिंग होटल , सिनेमा हॉल , विवाह कार्यालय , कैटरर्स सेवा प्रदाता आदि ने इस धारा के तहत 03 मामले दर्ज किए हैं और रु। 6,000 / -  रुपए बरामद कर लिए गए। मंडप , मेहराब , मंच आदि के साथ यातायात सड़क का निर्माण या व्यक्तिगत कार्य के लिए इसे बंद करना।  09  मामले दर्ज करके  8,500 /- रूपये वसूल 
किये गये। चिकित्सा बिजनेस मेन जैव चिकित्सा पश्चिम सामान्य कूड़ेदान में डालने के लिए आना आंतरिक 12 मामले टिप्पणी द्वारा रु. 6,500/- जुर्माना वसूली करने के लिए आया  कार्यशालाएं , गैरेज और अन्य मरम्मत व्यवसाय सड़कों , फुटपाथों और खुले स्थानों पर कचरा फेंकते हैं 0 2  मामले दर्ज करके  रु.2,000 / -  रुपए बरामद कर लिए गए।  यदि उपरोक्त सूची में शामिल न होने वाले अन्य उपद्रवी व्यक्ति हों  43  मामले दर्ज करके  5000 रुपये का जुर्माना 8,600 /- रूपये एकत्रित किये गये। 
यदि उपरोक्त सूची में अन्य उपद्रवी संस्थाएं नहीं पाई जाती हैं  09 मामले दर्ज किये गये हैं और रु. 1,00,000 का जुर्माना वसूला गया है। 9,000 /- रूपये एकत्रित किये गये। यह ऑपरेशन उपद्रव जांच दल प्रमुख वीरसेन तांबे के नेतृत्व में किया गया। इसके अलावा, उपद्रव निरोधक टीम ने लक्ष्मी नगर क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया। रामस्वरूप पर 5000 रुपये का जुर्माना सड़क पर सी एंड डी अपशिष्ट डालने पर 10,000 रुपये का जुर्माना। 5000 रुपये का जुर्माना 5,000/- रूपये एकत्रित किये गये। मई माह में धरमपेठ क्षेत्र के अंतर्गत। चिरंजीवी कंस्ट्रक्शन्स पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। प्लास्टिक का उपयोग करने पर 10,000/- रु . गांधीबाग जोन के अंतर्गत मई . सातपुते स्वीट्स पर 500 रुपये का जुर्माना लगाया गया। प्लास्टिक का उपयोग करने पर 5,000/- रु . लकड़गंज क्षेत्र के भगतराम रावलदास पर 5000 रुपये का जुर्माना लगाया गया। सड़क पर सी एंड डी अपशिष्ट डालने पर 100,000 का जुर्माना। 5000 रुपये का जुर्माना 5,000/- रूपये की धनराशि एकत्रित की गई  उपद्रव का पता लगाने वाली टीम द्वारा 04 मामले दर्ज किये गये और रु. 25,000 /- जुर्माना वसूला गया।

Tuesday, April 15, 2025

राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय क्षेत्रीय कार्यालय नागपुर में सामाजिक-आर्थिक सर्वेक्षण पर एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का उद्घाटन किया गया

नागपुर:- व्यक्तित्व विकास के साथ-साथ शिक्षा भी राष्ट्र के विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण कारक है और इस कारक पर व्यापक एवं विस्तृत जानकारी उपलब्ध होना आवश्यक है। शिक्षा क्षेत्र में छात्रों का अनुपात, प्रत्येक परिवार का शिक्षा पर व्यय, छात्रों की शिक्षा छोड़ने की दर आदि की जानकारी सरकारी स्तर पर उपलब्ध होनी चाहिए। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के नागपुर संभागीय कार्यालय के उप महानिदेशक श्रीनिवास उप्पला ने बताया कि तदनुसार, यह जानकारी केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा आयोजित सामाजिक सर्वेक्षण के 80वें दौर से एकत्र की जाएगी। एनएसएस सामाजिक सर्वेक्षण के 80वें दौर पर एक दिवसीय क्षेत्रीय प्रशिक्षण शिविर का उद्घाटन आज मंगलवार 15 अप्रैल को राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (फील्ड ऑपरेशन्स डिवीजन), क्षेत्रीय कार्यालय, सीजीओ में किया गया। वे नागपुर के सेमिनरी हिल्स स्थित कॉम्प्लेक्स में आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। निदेशक एवं क्षेत्रीय प्रमुख, क्षेत्रीय कार्यालय नागपुर श्री रंगा श्रीनिवासुलु , श्री सी. क. इस अवसर पर श्री.के. मेश्राम , उप निदेशक , घरेलू सर्वेक्षण इकाई (एचएसयू) , नागपुर और श्री. सुनील ए. सहायक निदेशक वैरागड़े उपस्थित थे। एनएसएस सर्वेक्षण के 80वें दौर का मुख्य फोकस शिक्षा पर घरेलू व्यय पर होगा। उन्होंने कहा कि एनएसएस सर्वेक्षण के पहले दौर में दूरसंचार क्षेत्र और वर्तमान में शिक्षा क्षेत्र में आंकड़े एकत्र करना शुरू हो चुका है तथा अगला सर्वेक्षण घरेलू पर्यटन से संबंधित होगा। एनएसएस के 80वें दौर से सर्वेक्षण पूरा करने की समय-सीमा कम कर दी जाएगी ताकि विभिन्न 
मंत्रालयों को सूचना उपलब्ध कराने में देरी न हो। श्रीनिवास उप्पला ने विश्वास व्यक्त किया कि एनएसएस सर्वेक्षण के इस 80वें दौर से सटीक और प्रासंगिक जानकारी एकत्रित की जाएगी तथा उन्होंने प्रशिक्षु अधिकारियों और कर्मचारियों को शुभकामनाएं दीं।राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) 1950 से राष्ट्र की सेवा कर रहा है। द्वारा किए गए राष्ट्रव्यापी नमूना सर्वेक्षणों के माध्यम से विभिन्न सामाजिक-आर्थिक संकेतकों पर एक मजबूत डेटाबेस बनाया गया है। इन आंकड़ों से केंद्र और राज्य सरकारों को विकास पहल की योजना बनाने और नीतियों को आकार देने में मदद मिली है। एन.एस.ओ. इस संगठन द्वारा एकत्रित आंकड़े राष्ट्र के विकास में प्रमुख भूमिका निभाते हैं तथा समाज के कल्याण और उत्थान के लिए नीतियों की योजना, अनुसंधान, निर्माण और कार्यान्वयन के लिए महत्वपूर्ण इनपुट प्रदान करते हैं। 
इस सर्वेक्षण दौर के माध्यम से, घरेलू उपभोग व्यय, रोजगार और बेरोजगारी, संगठित और असंगठित क्षेत्र, विकलांगता और बीमारी, घरेलू पर्यटन व्यय, ऋण और निवेश, भूमि और पशुधन, पेयजल, स्वच्छता, स्वास्थ्य और रहने की स्थिति और समय के उपयोग सहित विभिन्न सामाजिक-आर्थिक मुद्दों पर सर्वेक्षण किए जाते हैं। व्यापक मॉड्यूलर सर्वेक्षण - शिक्षा (सीएमएस-ई: अप्रैल से जून, 2025) को चल रहे एनएसएस सामाजिक सर्वेक्षण - 80वें दौर के हिस्से के रूप में शामिल किया जाएगा। सर्वेक्षण का उद्देश्य शिक्षा से संबंधित संकेतकों पर जानकारी एकत्र करना है, जिसमें मुख्य रूप से शिक्षा पर घरेलू व्यय पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। सर्वेक्षण में अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के गांवों को छोड़कर भारत के सभी केंद्र शासित प्रदेशों को शामिल किया जाएगा।एन.एस.ओ. एनडीआरएफ के कुशल और प्रशिक्षित अधिकारी और कर्मचारी ई-सिग्मा सॉफ्टवेयर से सुसज्जित उपकरणों (टैबलेट) का उपयोग करके डेटा एकत्र करेंगे। ये अधिकारी वैज्ञानिक रूप से तैयार नमूनाकरण तकनीकों के आधार पर चयनित गांवों और शहरी ब्लॉकों का दौरा करेंगे। इसमें सभी परिवारों की गणना की जाती है तथा विशिष्ट परिवारों का चयन किया जाता है, ताकि परिवार के मुखिया या परिवार के किसी जिम्मेदार एवं जानकार व्यक्ति से साक्षात्कार करके सभी घरेलू सदस्यों के बारे में विस्तृत जानकारी एकत्रित की जा सके। यह प्रशिक्षण शिविर सांख्यिकी अधिकारियों और कर्मचारियों को डेटा संग्रहण में प्रशिक्षित करने के लिए आयोजित किया गया है। एन.एस.ओ. इस प्रशिक्षण शिविर में क्षेत्रीय परिचालन विभाग के लगभग 80 फील्ड अधिकारी/कर्मचारी भाग लेंगे। इस दौरान बताया गया कि घरेलू सर्वेक्षण इकाई एनएसओ के प्रतिनिधि भी इसमें भाग लेंगे।

"चलो पढ़ें, चलो सिखाएं" आकाशवाणी नागपुर केंद्र में डॉ. हर्षोल्लास के साथ मनाई गई बाबा साहब अंबेडकर जयंती

आकाशवाणी नागपुर केन्द्र में संविधान निर्माता विश्वभूषण डा. बाबासाहेब अम्बेडकर की जयंती बड़े उत्साह के साथ मनाई गई। पिछले वर्ष से ही आकाशवाणी एवं दूरदर्शन अनुसूचित जाति/जनजाति कर्मचारी कल्याण संगठन द्वारा डॉ. बाबा साहब अंबेडकर की जयंती के अवसर पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए खाद्यान्न वितरण सेवा का वितरण किया जा रहा है। इस वर्ष, भोजन दान कार्यक्रम के साथ-साथ, संगठन जरूरतमंद छात्रों को बैग, नोटबुक और कम्पास भी उपलब्ध करा रहा है। जयंती उत्सव - 2025 "चलो पढ़ें, चलो सिखाएं" मिशन के माध्यम से पेन, पेंसिल, शार्पनर, इरेजर, स्केल, नैपकिन आदि शैक्षिक सामग्री वितरित करके मनाया गया।वर्षगांठ समारोह में 
आकाशवाणी नागपुर कार्यालय प्रमुख रमेश घरड़े, दूरदर्शन नागपुर कार्यक्रम प्रमुख रचना पोपटकर-गजभिये, आकाशवाणी और दूरदर्शन अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति कर्मचारी कल्याण संगठन नागपुर प्रभाग के सचिव नितेश शहारे, संगठन के सदस्य और पदाधिकारी प्रवीण मेश्राम, स्वप्निल सहारे, हितेंद्र मेश्राम, नितिन तिरपुडे, सरिता खातरकर, मोनाली शेंडे, तक्षिणी चौधरी, अनिल चारोटे, कल्पना आमटे, विलास उपस्थित थे। मेश्राम, शारदा चौधरी नीलेश तौलकर, विजय डोंगरे सहित बड़ी संख्या में आकाशवाणी एवं दूरदर्शन के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे। झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले गरीब छात्रों के लिए शिक्षा को बढ़ावा देने वाले गैर सरकारी संगठन 'फिकरा' के अध्यक्ष रियाज काजी ने भी शिक्षकों और छात्रों के साथ इसमें भाग लिया। 
संस्था के नागपुर संभाग सचिव नितेश शहारे ने अगले वर्ष जयंती महोत्सव मनाते समय अधिक से अधिक जरूरतमंद विद्यार्थियों को शिक्षण सामग्री वितरित करने की मंशा व्यक्त की। उन्होंने इस पहल में सहयोग करने वाले सभी लोगों को धन्यवाद दिया।

स्वास्थ्य सुधार केंद्रों का काम जल्द से जल्द पूरा करें: श्रीमती वसुमना पंत, शहर में बनेगा नया स्वास्थ्य संवर्धन केंद्र: अपर आयुक्त ने की कार्यों की समीक्षा

नागपुर:- नागपुर शहर में प्राथमिक स्वास्थ्य देखभाल को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए, नागपुर नगर निगम शहर में नए स्वास्थ्य सुधार केंद्र स्थापित करेगा। अतिरिक्त आयुक्त श्रीमती. वसुमना पंत ने इन केंद्रों का कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। मंगलवार (15 तारीख) को उन्होंने शहर में नवनिर्मित स्वास्थ्य सुधार केंद्रों के कार्यों की समीक्षा की। अपर आयुक्त के सभाकक्ष में आयोजित बैठक में चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दीपक सेलोकर , अतिरिक्त चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेंद्र बहिरवार, महामारी विज्ञान अधिकारी डॉ. गोवर्धन नवखरे, कार्यपालन अभियंता श्रीमती अल्पना पाटने, श्री सुनील उइके, श्री रवींद्र बुंधाड़े, श्री संजय माटे, श्री विजय गुरुबक्शानी, श्री मनोज सिंह, श्री अजय पज़ारे, श्री सचिन रक्षमवार, जोनल चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शिल्पा जिचकर, डा. विजय तिवारी, डॉ. दीपांकर भिवगड़े, डॉ. सुनील कांबले, डॉ. गजानन पवने, डॉ. जयश्री चन्ने, डॉ. शीतल वंडिले, डॉ. सुलभा शेंडे, डॉ. वर्षा 

देवस्थले और अन्य उपस्थित थे। नागपुर शहर में झुग्गी-झोपड़ियों और स्वास्थ्य सेवाओं से दूर क्षेत्रों में नए स्वास्थ्य सुधार केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। इसके लिए सभी दस जोनों में स्थान आवंटित कर दिया गया है। कुछ स्वास्थ्य सुधार केन्द्र नगरपालिका की भूमि पर बनाए गए हैं। कुछ का निर्माण किराये के भवनों में किया जा रहा है। वर्तमान में शहर में 51 शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और 52 स्वास्थ्य संवर्द्धन केंद्र संचालित हैं। नवनिर्मित स्वास्थ्य संवर्द्धन केन्द्रों में से 17 बनकर तैयार हो चुके हैं तथा 11 केन्द्रों का कार्य शीघ्र ही पूरा हो जाएगा। अतिरिक्त आयुक्त श्रीमती. वसुमना पंत ने निर्देश दिए कि सभी तैयार केंद्रों के भवनों का दौरा कर यह जांच लें कि वहां बिजली, पानी व अन्य सुविधाएं समुचित ढंग से व्यवस्थित हैं या नहीं। इसके अलावा उन्होंने स्वास्थ्य संवर्धन केन्द्रों के निर्माण पर भी ध्यान देने तथा जहां कठिनाइयां हैं, वहां दिक्कतें दूर करने का सुझाव दिया। 
 

शालार्थ आईडी घोटाला:प्रधानाचार्य तो केवल नाममात्र के हस्ताक्षरकर्ता हैं; असली साजिशकर्ता तो संस्था के निदेशक हैं? विदर्भ शिक्षक संघ का प्रश्न

[Demo Pick]  नागपुर: - विदर्भ शिक्षक संघ ने इस बात पर कड़ी नाराजगी जताई है कि राज्य में चल रहे शलार्थ आईडी घोटाले की जांच में केवल उन्हीं प्...